दोस्तों में शामिल है तू ,
इस दुनिया में , सबसे अलग , सबसे जुदा है तू .....
होक मेरे पास भी , दूर जो तू रहता है ,
लेकिन! दूर रहकर भी , दुरी का एहसास नहीं दिलाता है ....
तेरी ख़ामोशी बोलती है सबसे ज्यादा ....
तेरी आखो की एक कहानी है ...
मेरी ज़िन्दगी का तू सबसे बड़ा जवाब और सबसे बड़ी पहेली है।
तेरा होना आखिर क्यों है ?
येही सबसे बड़ा नासुल्जा सवाल है ....
कफा कफा लगता है अपने आपसे तू ...
तोह! कभी बस ज़िन्दगी सा लगता है तू !
तेरे चेहरे से सच्चा कोई दूजा सच नहीं ...
मैं जानती हु, मेरे लिए ,
तुझसे अच्चा कोई दूजा नहीं
मैं तेरा होना चाहती हु, तुझसा बनना चाहती हु।।।।।
मेरी हेसियत देख मैं बस सोचमे पद जाती हु
जानती हु, न बन पाउगी तेरी धुल भी मैं।।।।
मुझे तू आपना साया बनाले,
इस्सी बहाने , तू मुझे खुद में छुपा ले ...

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